Home » Our Village » उत्तराखंड के ऐसे गांव सैकड़ों साल पुराने मकान आज भी समय की मार से बचे हुए है। 

उत्तराखंड के ऐसे गांव सैकड़ों साल पुराने मकान आज भी समय की मार से बचे हुए है। 

अपने समय मे कभी यह मकान महलों से कम नही होते थे इन मकानों का निर्माण लकड़ी पत्थर से किया गया था देवदार कि लकड़ी से बने यह मकानो कि आज भी लाखों में है। 

आजकल के इस आधुनिक दौर के लोग कंकड़ पत्थर और सीमेंट से बने आलीशान भवनों में रहना पसंद करते हैं लेकिन पुराने दौर मे देवदार की लकड़ी और पत्थरों से बने पहाड़ी मकान अब गुजरे जामने कि बात हो चुकी है इस तरह के मकानो की खास बात यह होती थी कि यह पूरी तरह से भूकंप रोधी होते थे काष्ठ कला से बने मकानों का अस्तिव खत्म होता जा रहा है। 

उत्तराखण्ड में सैकड़ों वर्ष पुराने लकड़ी के घर आज भी वैसे ही मजबूती से खड़े हैं जैसे सौ साल पहले थे आज भी आप को पहाड़ों पर लकड़ी के घर देखने को मिल जाएंगे लेकिन अब इन को बनाने वाले कारीगरों की कमी हो गयी है लकड़ी मिलना मुश्किल हो रहा है इसलिए अब लोग ऐसे भवन नही बना रहे हैं। 
पलायन कि मार झेल रहे उत्तराखण्ड के लोग अगर कोशिश करे तो अपने पुर्खो के पुराने बंजर पड़े पुश्तैनी मकानों को होमस्टे में बदलकर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं पुराने घरो को होमस्टे मे तब्दील कर न सिर्फ आमदनी में बढ़ोतरी होगी बल्कि पर्यटकों को भी उनके घर से दूर रहकर भी अपने पुराने घर पुर्खो के रहने खाने पीने के अंदाज जैसे घर का अहसास भी करवा सकते हैं। 

यह भी पढ़िये :-  सरमोली गाँव जिसे 2023 में देश का सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव का पुरस्कार मिला था। 

यदि एसा होता हैं तो मुझे पूर्ण विश्वास है कि होम स्टे के जरिए रिवर्स माइग्रेशन की उम्मीदों को जरूर पंख लगेंगे और जो लोग अपने पुश्तैनी मकानों को अकेला कर रोजगार या किसी और कारण से गांवों को छोड़ शहर चले गए हैं वह जरूर वापस लौटेंगे क्योंकि महंगे होटलो को छोड़कर होम स्टे’ में बढ़ रही पर्यटकों की दिलचस्पी, रोजगार के साथ गुलजार हों सकते हैं उत्तराखण्ड के गांव। 

Related posts:

ज्ञानधुरा गाँव, बागेश्वर, उत्तराखंड। Gyandhura Village, Bageshwar, Uttarakhand.

Our Village

कांडा गाँव, बागेश्वर, उत्तराखंड - Kanda Village, Bageshwar, Uttarakhand.

Our Village

ये हैं पौड़ी गढ़वाल के चौंदकोट क्वीई गाँव की नूतन पंत पहाड़ों में मशरुम उत्पादन, सब्जी उत्पादन, आदि ...

Culture

खेला गांव की शान यह वही स्विमिंग पुल है जहां महिंद्रा गाड़ियों के मालिक आनंद महिंद्रा आना चाहते हैं।

Our Village

गांव मरोड़ा, टिहरी गढ़वाल उत्तराखंड। Village Marora, Tehri Garhwal, Uttarakhand.

Tehri

उत्तराखंड के टिहरी जिले में मसूरी से यमुनोत्री जाते वक्त उत्तरकाशी बाईपास पर पड़ता है पनीर वाला गाँव...

Our Village

"नया नौ दिन पुराना सौ दिन" उत्तराखंड के ये मकान आज भी समय की मार से बचे हुए है।

Culture

नीति गांव का मनमोहक नज़ारा, चमोली, उत्तराखंड। Niti Village Chamoli Uttarakhand.

Our Village

ढैली गाँव, अल्मोड़ा, उत्तराखंड। Dholi Village, Almora Uttarakhand.

Our Village

About

नमस्कार दोस्तों ! 🙏 में अजय गौड़ 🙋 (ऐड्मिन मेरुमुलुक.कॉम) आपका हार्दिक स्वागत 🙏 करता हूँ हमारे इस अनलाइन पहाड़ी 🗻पोर्टल💻पर। इस वेब पोर्टल को बनाने का मुख्य उद्देश्य 🧏🏼‍♀️ अपने गढ़ समाज को एक साथ जोड़ना 🫶🏽 तथा सभी गढ़ वासियों चाहे वह उत्तराखंड 🏔 मे रह रहा हो या परदेस 🌉 मे रह रहा हो सभी के विचारों और प्रश्नों/उत्तरों 🌀को एक दूसरे तक पहुचना 📶 और अपने गढ़वाली और कुमाऊनी संस्कृति 🕉 को बढ़ाना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*
*

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.