हमारे बुजर्गो ने ऐसे घर मे अपना जीवन यापन किया है। देखकर ही लगता है कितना शांत और प्यारा समय रहा होगा।मकान कच्चे थे लेकिन लोग और रिश्तो मे अपनापन और ईमानदारी थी।

Related posts:
उत्तराखंड में शराब की दुकानें और कैसीनो: Liquor Shops and Casinos in Uttarakhand.
Culture
जलेबी सिर्फ मिठाई नहीं आयुर्वेदिक दवाई भी है।
Culture
कोदे की रोटी खाने का आनंद ही अलग है खासकर जब भूख लगी हो।
Culture
पूरी बाखली पलायन कर गयी जहां कभी खुशियाँ बसती थी। The entire Bakhli has fled where happiness used to...
Culture
प्रभा देवी: एक अनपढ़ महिला, जिसने खड़ा कर दिया पूरा जंगल! Prabha Devi: An illiterate woman who creat...
Uttarakhand Latest
यह है पहाड़ का स्विमिंग पूल हमारे यहां इसे डिग्गी बोलते हैं। This is the mountain swimming pool, we ...
Culture
मैं धराली हूँ,पहाड़ों की गोद में पली एक मासूम सी बच्ची।
Culture
बद्री दत्त बमोला, जिन्हें बद्री महाराज के नाम से जाना जाता था, फिजी में विधान परिषद के पहले भारतीय स...
Culture
पहाड़ी क्षेत्रों में होटलो का जो स्वरूप था अब वह बदल रहा है वहां पर छोटे-छोटे कॉटेज नुमा घर बन रहे ह...
Culture






