Home » Pauri » श्रीनगर का प्राचीन शहर निरंतर बदलाव के बाद भी अपने अस्तित्व को बचाये रखा है

श्रीनगर का प्राचीन शहर निरंतर बदलाव के बाद भी अपने अस्तित्व को बचाये रखा है


पौराणिक काल से ही उत्तराखंड राज्य स्थित श्रीनगर का प्राचीन शहर, जो बद्रीनाथ के मार्ग में स्थित है, निरंतर बदलाव के बाद भी अपने अस्तित्व को बचाये रखा है। श्रीपुर या श्रीक्षेत्र उसके बाद नगर के बदलाव सहित श्रीनगर, टिहरी के अस्तित्व में आने से पहले एकमात्र शहर था। वर्ष 1680 में यहां की जनसंख्या 7,000 से अधिक थी तथा यह एक वाणिज्यिक केंद्र जो बाजार के नाम से जाना जाता था, पंवार वंश का दरबार बना। कई बार विनाशकारी बाढ़ का सामना करने के बाद अंग्रेजों के शासनकाल में एक सुनियोजित शहर के रूप में उदित हुआ और अब गढ़वाल का सर्वश्रेष्ठ शिक्षण केंद्र है। विस्थापन एवं स्थापना के कई दौर से गुजरने की कठिनाई के बावजूद इस शहर ने कभी भी अपना उत्साह नहीं खोया और बद्री एवं केदार धामों के रास्ते में तीर्थयात्रियों की विश्राम स्थली एवं शैक्षणिक केंद्र बना रहा है और अब भी वह स्वरूप विद्यमान है।Srinagar Garhwal, Pauri Garhwal Uttarakhand.

यह भी पढ़िये :-  बाणासुर का किला लोहाघाट चम्पावत, उत्तराखंड। Banasur Fort Lohaghat Champawat, Uttarakhand.

Related posts:

रालम ग्लेशियर मुनस्यारी पिथोरागढ़ उत्तराखंड | Ralam Glacier Munsiyari Pithoragarh Uttarakhand.

Uttarakhand Tourism

गुमखाल पौड़ी गढ़वाल उत्तराखंड । Gumkhal Pauri Garhwal Uttarakhand.

Our Village

चौखम्बा उत्तराखण्ड राज्य के उत्तरकाशी ज़िले में गढ़वाल हिमालय पर्वत पुंजक श्रृंखला।

Uttarakhand Tourism

"चौकोरी" उत्तराखंड का एक शांत हिल स्टेशन। "Chaukori" a quiet hill station in Uttarakhand.

Uttarakhand Tourism

ग्राम पोखरी पौड़ी गढ़वाल उत्तराखंड। Pokhari Village Pauri Garhwal Uttarakhand.

Our Village

बिनसर हिल स्टेशन, उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले में स्थित एक खूबसूरत पर्वतीय स्थल।

Uttarakhand Tourism

पहाड़ों से ऋषिकेश का मानभवक दृश्य।

Tehri

अब पहाड़ (उत्तराखंड) में भी ई रिक्शा में सफर कर सकते हैं।

Pithoragarh

उत्तराखंड में दिसंबर 2025 से बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों पर "ग्रीन सेस" (Green Cess) वसूला जाएग...

Uttarakhand Latest

About

नमस्कार दोस्तों ! 🙏 में अजय गौड़ 🙋 (ऐड्मिन मेरुमुलुक.कॉम) आपका हार्दिक स्वागत 🙏 करता हूँ हमारे इस अनलाइन पहाड़ी 🗻पोर्टल💻पर। इस वेब पोर्टल को बनाने का मुख्य उद्देश्य 🧏🏼‍♀️ अपने गढ़ समाज को एक साथ जोड़ना 🫶🏽 तथा सभी गढ़ वासियों चाहे वह उत्तराखंड 🏔 मे रह रहा हो या परदेस 🌉 मे रह रहा हो सभी के विचारों और प्रश्नों/उत्तरों 🌀को एक दूसरे तक पहुचना 📶 और अपने गढ़वाली और कुमाऊनी संस्कृति 🕉 को बढ़ाना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*
*

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.