Home » Agriculture » स्वरोजगार:पौड़ी जिले के बीरोंखाल के श्री दीनदयाल बिष्ट ने अपने बगीचे में लगभग दो सौ पेड़ कीवी लगा डाले।

स्वरोजगार:पौड़ी जिले के बीरोंखाल के श्री दीनदयाल बिष्ट ने अपने बगीचे में लगभग दो सौ पेड़ कीवी लगा डाले।

स्वरोजगार: पौड़ी जिले के सीमांत ब्लॉक बीरोंखाल के राजकीय इंटर कालेज बैजरो में प्रवक्ता रसायन विज्ञान के पद पर कार्यरत श्री दीनदयाल बिष्ट जी ने बागवानी में अपनी कार्यकुशलता और कड़ी मेहनत से एक बड़ी मिशाल कायम की है। श्री दीनदयाल बिष्ट जी के बगीचे में लगभग दो सौ पेड़ कीवी और लगभग सौ सेब के पेड़ हैं।

बिष्ट जी के बगीचे की कीवी की सबसे अहम खासियत यह है कि लगभग 150 ग्राम वजन की कीवी शुद्ध जैविक होने के साथ- साथ स्वादिष्ट भी है। बीरोंखाल जैसे दुर्गम क्षेत्र में भी कीवी जैसे फल से स्वरोजगार को बढ़ावा देने में दीनदयाल बिष्ट जी का दृढ़ संकल्प सबसे ज्यादा मायने रखता है। बिष्ट जी का युवाओं के लिए एक विशेष संदेश है की यदि कोई भी युवा बागवानी के क्षेत्र में स्वरोजगार करना चाहता है तो उन्हें हर सम्भव सहयोग करेंगे।

यह भी पढ़िये :-  काफल पर सितंबर में फूल।

Related posts:

काफल पर एक लघु कहानी - A short story on Kafal.

Culture

1858 में  लंढौर मसूरी का रंगीन स्केच। पेंटिंग पर लिखा है 'लंढौर हाउस'। Colour sketch of Landour, Mus...

Culture

90 के वक्त उत्तराखंड में गाँव की शादी समारोह में न टेंट हाऊस थे और न कैटरिंग, थी तो बस सामाजिकता।

Culture

उत्तराखंड में सावन के महीने में प्रकृति की सुंदरता पर एक सूंदर कविता।

Culture

1932 मे बद्रीनाथ, वहाँ के रावल और बद्रीनाथ में रस्सी से बने पुल की तस्वीर। Photo of Badrinath in 193...

Culture

20 लाख रुपये किलो तक बिकता है 'हिमालयन वियाग्रा' ऐसा क्या खास जो इतना महंगा?

Agriculture

टिहरी जिले के प्रताप नगर विकासखंड की ओण पट्टी के दो दर्जन से अधिक गांवों में कल से धान की कटाई - मंड...

Agriculture

पहले गांव के लोग गरीब थे तब तांबा पीतल के बर्तन में खाना बनाते थे।

Culture

पहाड़ के सीढ़ीनुमा खेतों में बन रहे हैं सीढ़ीनुमा मकान। Terrace Farming Inspires Step-Style Houses in U...

Culture

About

नमस्कार दोस्तों ! 🙏 में अजय गौड़ 🙋 (ऐड्मिन मेरुमुलुक.कॉम) आपका हार्दिक स्वागत 🙏 करता हूँ हमारे इस अनलाइन पहाड़ी 🗻पोर्टल💻पर। इस वेब पोर्टल को बनाने का मुख्य उद्देश्य 🧏🏼‍♀️ अपने गढ़ समाज को एक साथ जोड़ना 🫶🏽 तथा सभी गढ़ वासियों चाहे वह उत्तराखंड 🏔 मे रह रहा हो या परदेस 🌉 मे रह रहा हो सभी के विचारों और प्रश्नों/उत्तरों 🌀को एक दूसरे तक पहुचना 📶 और अपने गढ़वाली और कुमाऊनी संस्कृति 🕉 को बढ़ाना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*
*

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.