Home » Our Village » देवभूमि उत्तराखंड में पलायन के बाद ऐसे ही बहुत से घर आज विरान पड़ चुके हैं।

देवभूमि उत्तराखंड में पलायन के बाद ऐसे ही बहुत से घर आज विरान पड़ चुके हैं।

देवभूमि उत्तराखंड में पलायन के बाद ऐसे ही बहुत से घर आज विरान पड़ चुके हैं। ऐसे में बहुत दिनों से खाली पड़े ये घर भी अब धीरे-धीरे जीर्ण-शीर्ण अवस्था में पहुंच चुके हैं। गांव की ऐसी तस्वीरों को देखकर दिल में बहुत दुःख होता हैं। कही न कही शहर की आधुनिकता पहाड़ों की खूबसूरती को धीरे-धीरे खा गई।

palayan ka asar uttarakhand me

हमारे पूर्वजों ने जो घर बनाए थे वो भूकम्प में अवश्य खिसकते थे औऱ दरारें भी पड़ती थी पर किसी की मौत नही होती थी,लेकिन वो वर्तमान बिल्डिंगों की तरह धराशायी नहीं होते थे !

हमारे पूर्वज एक सीमित जगह में सुखी से जीवन व्यतीत करके चले गए । लेकिन आज का मानव अपना पूरा जीवन “कोठी के ऊपर कोठी” बनाने में बर्बाद कर देते है। !

यह भी पढ़िये :-  ये हैं पौड़ी गढ़वाल के चौंदकोट क्वीई गाँव की नूतन पंत पहाड़ों में मशरुम उत्पादन, सब्जी उत्पादन, आदि कर लाखों रुपए कमा रही हैं।

Related posts:

अब तोली गांव पर भी भूस्खलन का बड़ा खतरा। 

Our Village

Bagad Village, Pauri Garhwal, Uttarakhand.

Our Village

नीति गांव का मनमोहक नज़ारा, चमोली, उत्तराखंड। Niti Village Chamoli Uttarakhand.

Our Village

प्रकृति का यह नजारा उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले का है जो कि अपनी सुंदरता के लिए जाना जाता है।

Uttarakhand Tourism

बाणासुर का किला लोहाघाट चम्पावत, उत्तराखंड। Banasur Fort Lohaghat Champawat, Uttarakhand.

Culture

खाती गांव उत्तर भारत के उत्तराखंड क्षेत्र में बसा एक आकर्षक गांव।

Our Village

कैलाश पर्वत का अभिभूत करने वाला दृश्य पिथौरागढ़ से।

Uttarakhand Tourism

"नया नौ दिन पुराना सौ दिन" उत्तराखंड के ये मकान आज भी समय की मार से बचे हुए है।

Culture

कुटी गांव, धारचूला, उत्तराखंड, हिमालय पर्वतों के बीचों बीच बसा खूबसूरत गाँव। 

Our Village

About

नमस्कार दोस्तों ! 🙏 में अजय गौड़ 🙋 (ऐड्मिन मेरुमुलुक.कॉम) आपका हार्दिक स्वागत 🙏 करता हूँ हमारे इस अनलाइन पहाड़ी 🗻पोर्टल💻पर। इस वेब पोर्टल को बनाने का मुख्य उद्देश्य 🧏🏼‍♀️ अपने गढ़ समाज को एक साथ जोड़ना 🫶🏽 तथा सभी गढ़ वासियों चाहे वह उत्तराखंड 🏔 मे रह रहा हो या परदेस 🌉 मे रह रहा हो सभी के विचारों और प्रश्नों/उत्तरों 🌀को एक दूसरे तक पहुचना 📶 और अपने गढ़वाली और कुमाऊनी संस्कृति 🕉 को बढ़ाना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*
*

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.