वाकई ऐसे ही लोगों की जरूर है जो अपने बंजर पड़े खेतों को आबाद कर स्वरोजगार पैदा कर दे। मटकुण्ड गांव,बीरोंखाल पौड़ी गढ़वाल की श्रीमती धनी कांति चंद और उनके पति विजय पाल चंद ऐसे ही मेहनतकश पहाड़ी बागवान हैं जो आज बागवानी के बल पर आत्मनिर्भर हैं।


Related posts:
चेतावनी यहाँ आपको प्यार और आदर्श का मिलावट करके खाना दिया जाता है-पंत होटल।
Uttarakhand Latest
पिथौरागढ़ के आसमान में बादलों के बारे में इंटरनेट पर सर्च करने पर मिली कुछ महत्वपूर्ण जानकारी।
Uttarakhand Latest
उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल चंबा गांव थान बिडोन की माताओं बहनों ने शुरू किया स्वरोजगार
Uttarakhand Latest
हिमालय के उत्तराखंड में नैनीताल झील के मनोरम दृश्य (1890 के दशक)। Panoramic view of Nainital Lake i...
Culture
उत्तराखंड में शराब की दुकानें और कैसीनो: Liquor Shops and Casinos in Uttarakhand.
Culture
अब तोली गांव पर भी भूस्खलन का बड़ा खतरा।
Our Village
चिलचिलाती धूप में भी अपना काम बखूबी ढंग से निभाते होमगार्ड नंदकिशोर बिष्ट उर्फ 'नंदू भाई'
Uttarakhand Latest
पंचाचूली में इस घर ने मन मोह लिया इस खूबसूरत पहाड़ी घर के सामने का दृश्य कुछ ऐसा था कि..
Uttarakhand Latest
उत्तराखंड की चार फेमस महिला यूट्यूबरस, आपकी पसंदीदा व्लॉगर कौन हैं ?
Culture






